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MP News: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वर्षा प्रभावित क्षेत्रों में राहत-बचाव कार्य प्रबंधन की समीक्षा की, अफसरों से बचाव कार्यों का लिया अपडेट

Bhopal: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि जान-माल की सुरक्षा सर्वोपरि है। जलमग्न क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित निकालना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि वर्षा प्रभावित क्षेत्रों में जिला एवं पुलिस प्रशासन सहित होमगार्ड, आपदा प्रबंधन दल सब मिल जुलकर पूरी सजगता और सतर्कता से कार्य करें। राहत एवं बचाव दल पूरी तैयारी से रहें और जरूरमंदों तक तत्काल सभी प्रकार की मदद पहुंचाई जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार को होमगार्ड मुख्यालय स्थित आपदा प्रबंधन कक्ष (स्टेट कमांड सेंटर) पहुंचकर प्रदेश के कई जिलों में भारी वर्षा के चलते उत्पन्न परिस्थितियों की जानकारी ली और जन सुरक्षा प्रबंधन के संबंध में अधिकारियों के साथ विस्तृत समीक्षा की।
समीक्षा बैठक में मुख्य सचिव अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव गृह जे.एन. कंसोटिया, पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना, डीजी होमगार्ड प्रज्ञा श्रीवास्तव, एडीजी ए. सांई मनोहर, सचिव एवं आयुक्त जनसम्पर्क डॉ. सुदाम खाड़े सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। बताया गया कि प्रदेश में बीते तीन दिनों से भारी वर्षा हो रही है। भारी वर्षा के चलते प्रदेश के कुछ जिलों में गांव और घरों में पानी भर जाने जैसी उत्पन्न परिस्थितियों में अब तक 2900 से अधिक लोगों को सुरक्षित निकाला गया है। प्रदेश में जहां-जहां अतिवर्षा की सूचना और लोगों के बाढ़ के पानी फंस जाने की जानकारी मिली है, वहां पूरी क्षमता से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आपदा नियंत्रण कक्ष से जिलों में चल रहे राहत एवं बचाव कार्यों का लाइव ऑपरेशन का अवलोकन किया। उन्होंने आपदा बचाव दल में तैनात अधिकारियों से बात की और राहत एवं बचाव कार्यों के बारे में जानकारी ली। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बचाव दल के अधिकारियों से पूछा कि बाढ़ से बचाव में किसी प्रकार के संसाधन की कमी तो नहीं है? अधिकारियों ने बताया कि सभी संसाधन उपलब्ध हैं और प्रशासन के साथ-साथ ग्रामीणों और सिविल सोसाइटी से भी मदद मिल रही है। मुख्यमंत्री ने जलमग्न इलाकों से सुरक्षित निकाले गए पीड़ितों से रू-ब-रू चर्चा की। मुख्यमंत्री ने बाढ़ पीड़ितों से कहा कि चिंता करने की कोई बात नहीं है, सरकार हर कदम पर आपके साथ है। पीड़ितों के घर, सामान, फसल, पशु जिसकी भी हानि हुई है, सरकार उसकी समुचित भरपाई करेगी।
जीवन बचाने में मददगारों को पुरस्कृत किया जायेगा
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जिला कलेक्टर्स को निर्देशित किया कि वे सभी तरह का ऐहतियात बरतें। आपदा नियंत्रण के सभी इंतजाम तैयार रखें। बाढ़ आने की स्थिति में तत्काल लोगों का रेस्क्यू करें। उन्होंने कलेक्टर्स को निर्देश दिए कि बाढ़ का पानी कम होते ही जल्द से जल्द नुकसान का सर्वे करा लें और अतिवर्षा तथा बाढ़ से जो भी नुकसान हुआ है, उन्हें समुचित मुआवजा देने के लिए विधिवत् प्रस्ताव तैयार कर लें। सरकार हर बाढ़ पीड़ित की भरपूर मदद करेगी। कलेक्टर्स ने बताया कि लोगों को बाढ़ प्रभावितों क्षेत्रों से सुरक्षित निकालने में सामाजिक संगठनों ने भी मदद की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बाढ़ प्रभावितों को सुरक्षित निकालकर उनका जीवन बचाने में मदद करने वाले लोगों की सूची तैयार कर लें, सरकार ऐसे साहसी, परोपकारी और मददगार लोगों को आगामी 15 अगस्त और अन्य अवसरों पर भी सम्मानित करेगी। इन्हें पुरस्कार भी दिए जाएंगे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ग्वालियर संभाग के गुना, शिवपुरी, दतिया और अशोकनगर, सागर संभाग के सागर, दमोह, छतरपुर, भोपाल संभाग के विदिशा एवं रायसेन जिले में बाढ़ राहत एवं बचाव कार्यों की विस्तार से जानकारी ली और यहां चल रहे रेस्क्यू कार्यों का लाइव अवलोकन भी किया। मुख्यमंत्री ने बचाव दल के अधिकारियों से लाइव चर्चा करते हुए कहा कि किसी की जान बचाना सेवा का काम है। इसी भाव और पूरे समर्पण से अपना कार्य करें। सरकार के स्तर से जिस प्रकार की मदद की आवश्यकता है वह बताएं, सरकार समुचित व्यवस्थाएं करेगी। उन्होंने कहा कि यदि नाव से किसी बाढ़ प्रभावित को सुरक्षित निकालना या बचा पाना संभव न हो, तो ऐसी स्थिति में सरकार हेलीकॉप्टर के जरिए प्रभावितों को एयरलिफ्ट करायेगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार हर स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है और अति वर्षा से नागरिकों की सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आपदा प्रबंधन कक्ष से जिलों में मौजूद व्यवस्थाओं, अलर्ट सिस्टम्, निगरानी तंत्र और अब तक किए गए सभी प्रकार के रेस्क्यू ऑपरेशन्स का भी जायजा लिया। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी जिलों में बाढ़ आपदा कंट्रोल रूम निरंतर सक्रिय रहें और प्रशासन के साथ बेहतर समन्वय बनाकर कार्य करें।
तेज बहाव वाले किसी भी पुल-पुलिया से आवागमन न करें
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नागरिकों से भी अपील की है कि वे वर्षा थमने तक बेहद सतर्क रहें, सजग रहें। बाढ़ प्रभावितों को बचाने में मदद भी करें। उन्होंने कहा कि नागरिक बाढ़ वाले नदी-नाले में उतरने से बचें और तेज बहाव वाले किसी भी पुल-पुलिया से आवागमन कतई न करें। उन्होंने कहा कि बारिश में करंट फैलने की आशंका के चलते बिजली के तार खुले न छोड़े जाएं। उन्होंने कहा कि कच्चे मकान में रहने वाले सावधानी बरतें, क्योंकि अति वर्षा से इनके क्षतिग्रस्त होने की आशंका बनी रहती है। मुख्यमंत्री ने कलेक्टर्स से कहा कि जिन लोगों का रेस्क्यू किया गया है, उनके सुरक्षित निवास, भोजन, स्वच्छ पेयजल, दवा, कपड़े और अन्य जरूरतों की भी समुचित व्यवस्था कर सभी पीड़ितों को उपलब्ध कराए जाएं। उन्होंने कहा कि बाढ़ आपदा की स्थिति में सरकार हर पीड़ित के साथ है, किसी को भी असहाय नहीं रहने दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जिलों में बचाव दल के अधिकारियों और कलेक्टर्स से चर्चा कर उनके क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति, रेसक्यू ऑपरेशन्स की अपडेट सहित पीड़ितों को प्रशासन द्वारा मुहैया कराई जा रही राहत के बारे में भी जानकारी प्राप्त की। लोगों को बचाने में सरकार प्रशासन, सेना, आपदा प्रबंधन दल सब साथ हैं। बाढ़ पीड़ितों को सुरक्षित निकालने में कोई भी कमी न रखें। यदि उनके जिले में अतिवर्षा का अलर्ट आया है, तो आवश्यकता के अनुरूप स्कूली बच्चों की छुट्टी आदि भी घोषित कर दें, ताकि किसी प्रकार की अनहोनी की आशंका ही न रहे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मौसम विभाग की चेतावनी का जिक्र करते हुए कहा कि सभी जिलों के कलेक्टर्स हाई अलर्ट पर रहें और किसी भी क्षेत्र में बाढ़ जैसी स्थिति निर्मित होने की जानकारी मिलते ही राहत एवं बचाव दल को तत्परतापूर्वक वहां पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि कलेक्टर्स अपने अलर्ट सिस्टम और निगरानी तंत्र को और मजबूत बना लें, क्योंकि बाढ़ की सूचनाएं जितनी जल्दी मिलेंगी, राहत और बचाव दल उतनी ही शीघ्रता से पहुंच पायेंगे।
उल्लेखनीय है कि मौसम विभाग द्वारा अगले 24 घंटों में प्रदेश के नर्मदापुरम्, हरदा, गुना, शिवपुरी और रायसेन जिले में अलग-अलग स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा, विदिशा, सीहोर, राजगढ़, बैतूल, भोपाल खंडवा, देवास, शाजापुर, नरसिंहपुर, श्योपुर, आगर-मालवा, नीमच, अशोकनगर, पांढुरना और छिंदवाड़ा जिले अलग-अलग स्थानों पर बहुत भारी वर्षा और खरगोन, अलीराजपुर, धार, इन्दौर, रतलाम, उज्जैन, मंदसौर, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, जबलपुर,सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीमकगढ़ और निवाड़ी जिले में अलग-अलग स्थानों पर भारी वर्षा होने की चेतावनी जारी की गई है। राज्यस्तरीय स्टेट कमांड सेंटर और जिलों में स्थापित बाढ़ नियंत्रण कक्षों द्वारा सरकार, सेना और मौसम विभाग के सतत् संपर्क में रहकर सभी जरूरी व्यवस्थाएं की जा रही हैं।
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MP Board Result: 15 अप्रैल को आएगा एमपी बोर्ड 10वीं-12वीं का रिजल्ट, 16 लाख छात्रों का इंतजार खत्म

MP Board Result 2026: मध्य प्रदेश में एमपी बोर्ड 10 वीं और 12वीं के छात्रों का इंतजार अब खत्म होने जा रहा है। स्कूल शिक्षा विभाग के अनुसार, 15 अप्रैल को सुबह 11 बजे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अपने निवास से रिजल्ट घोषित करेंगे। इस साल करीब 16 लाख से ज्यादा छात्र-छात्राएं बोर्ड परीक्षा में शामिल हुए थे। इनमें लगभग 9.07 लाख विद्यार्थी 10वीं और करीब 7 लाख छात्र 12वीं की परीक्षा में बैठे। परीक्षा के लिए प्रदेशभर में 3856 केंद्र बनाए गए थे।
ऐसे चेक करें रिजल्ट
छात्र घर बैठे अपना रिजल्ट ऑनलाइन देख सकेंगे। इसके लिए ऑफिशियल वेबसाइट https://mpbse.mponline.gov.in, https://www.digilocker.gov.in/web/dashboard/issuers पर जाकर रोल नंबर डालकर रिजल्ट चेक किया जा सकता है।
रिजल्ट रहेगा ‘फुलप्रूफ’
स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने बताया कि रिजल्ट जारी करने से पहले हर स्तर पर क्रॉस चेकिंग और वेरिफिकेशन किया गया है। उन्होंने कहा कि इस बार रिजल्ट पूरी तरह ‘फुलप्रूफ’ रखा गया है, ताकि छात्रों को किसी तरह की परेशानी न हो।
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MP Weather: मध्यप्रदेश में तेज गर्मी की एंट्री, कई शहरों में 40°C पार, IMD ने जारी की एडवाइजरी

MP Weather: मध्यप्रदेश में तेज गर्मी का दौर शुरू हो गया है। सुबह से ही तेज धूप लोगों को परेशान कर रही है, जबकि दोपहर में गर्मी और ज्यादा बढ़ रही है। प्रदेश में अधिकतम तापमान औसतन 4 डिग्री तक बढ़ गया है, जबकि कई शहरों में यह बढ़ोतरी 5 से 6 डिग्री तक दर्ज की गई है।
भारत मौसम विभाग (IMD) भोपाल के अनुसार इंदौर, उज्जैन, भोपाल और नर्मदापुरम संभाग के जिले सबसे ज्यादा तप रहे हैं। शनिवार को इन इलाकों में गर्मी का असर ज्यादा रहा और रविवार को भी ऐसे ही हालात बने रहने की संभावना है।
कई शहरों में 37°C के पार तापमान
शनिवार को उज्जैन, रतलाम, नर्मदापुरम समेत 18 शहरों में दिन का तापमान 37 डिग्री सेल्सियस या उससे ज्यादा दर्ज किया गया।
- रतलाम: 40.6°C (सबसे ज्यादा)
- नर्मदापुरम: 39.4°C
- धार: 39.2°C
- खरगोन: 39°C
- गुना: 38°C
- शाजापुर: 37.7°C
प्रदेश के बड़े शहरों में भी गर्मी का असर साफ दिखा- उज्जैन 38°C, इंदौर 37.6°C, भोपाल 36.8°C, जबलपुर 36.6°C और ग्वालियर 35.8°C दर्ज किया गया।
15 अप्रैल से नया सिस्टम, लेकिन राहत नहीं
मौसम विभाग के मुताबिक 15 अप्रैल को एक नया वेदर सिस्टम एक्टिव होगा, लेकिन यह कमजोर रहेगा। यानी आने वाले दिनों में प्रदेश में गर्मी का असर लगातार बना रहेगा और तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है।
लोग कर रहे बचाव के उपाय
गर्मी से बचने के लिए लोग मुंह पर कपड़ा बांधकर घर से निकल रहे हैं। वहीं गन्ने का जूस, कोल्ड ड्रिंक्स और आइसक्रीम की मांग भी बढ़ गई है।
एडवाइजरी: ऐसे करें बचाव
- मौसम विभाग ने लोगों के लिए जरूरी एडवाइजरी जारी की है-
- दिनभर पर्याप्त पानी पिएं और शरीर को हाइड्रेट रखें
- दोपहर में तेज धूप से बचें
- हल्के और सूती कपड़े पहनें
- बच्चों और बुजुर्गों का खास ध्यान रखें
अप्रैल में पहले रहा बदला मौसम
इस बार अप्रैल की शुरुआत में प्रदेश में आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का दौर देखने को मिला था। 1 से 9 अप्रैल के बीच करीब 45 जिलों में बारिश और 15 से ज्यादा जिलों में ओले गिरे। ग्वालियर में इस दौरान सबसे ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई।
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Bhopal: राजधानी में दिनदहाड़े लूट, सीनियर टीबी डॉक्टर पर हमला, मिर्च पाउडर फेंककर 11 तोला सोना और नकदी लूटी

Bhopal: मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के पॉश वीआईपी इलाके श्यामला हिल्स में दिनदहाड़े हुई लूट की वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बदमाशों ने एक वरिष्ठ टीबी रोग विशेषज्ञ डॉक्टर को निशाना बनाते हुए बाइक से टक्कर मारकर गिराया और आंखों में मिर्च पाउडर झोंककर 11 तोला सोने का कड़ा, डिजिटल घड़ी और नकदी लूट ली। इस हमले में डॉक्टर के कूल्हे की हड्डी टूट गई, जिसके बाद उनका ऑपरेशन करना पड़ा। घटना के 30 घंटे बाद भी पुलिस आरोपियों तक नहीं पहुंच सकी है।
साइक्लिंग से लौटते वक्त बनाया निशाना
पीड़ित डॉ. मनोज वर्मा प्रोफेसर कॉलोनी के निवासी हैं और वरिष्ठ टीबी रोग विशेषज्ञ हैं। वे शासकीय सेवा के साथ शाहजहांनाबाद क्षेत्र में निजी क्लीनिक भी चलाते हैं। रोज की तरह वे साइक्लिंग कर घर लौट रहे थे। जैसे ही वे किलोल पार्क के पास पहुंचे, एक बाइक सवार ने उन्हें टक्कर मार दी।
मिर्च पाउडर फेंककर लूट
डॉक्टर के गिरते ही एक बदमाश ने उनकी आंखों में मिर्च पाउडर फेंक दिया। तीसरे आरोपी ने सोने का कड़ा, डिजिटल घड़ी और करीब ₹2000 नकद लूट लिया। गंभीर हालत में डॉक्टर को पहले जेपी अस्पताल और फिर हमीदिया अस्पताल रेफर किया गया, जहां उनका ऑपरेशन हुआ। फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
पुलिस जांच में जुटी, लेकिन खाली हाथ
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच क्राइम ब्रांच को सौंप दी है। CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं और संदिग्धों के रूट ट्रैक किए जा रहे हैं। फिलहाल पुलिस टीम आरोपियों की तलाश में जुटी है, लेकिन अब तक कोई ठोस सुराग नहीं मिला है। श्यामला हिल्स जैसे हाई-प्रोफाइल इलाके में दिनदहाड़े हुई इस घटना ने पुलिस की कार्यप्रणाली और शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
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MP News: MP में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 13 जिलों के कलेक्टर बदले, भोपाल में प्रियंक मिश्रा; कौशलेंद्र सिंह बने CM सचिव

MP IAS Transfer: मध्य प्रदेश में जनगणना प्रक्रिया से पहले बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। मोहन यादव सरकार ने 13 जिलों के कलेक्टर और एक संभाग आयुक्त के तबादले किए हैं। सबसे अहम बदलाव भोपाल में हुआ है, जहां कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह को मुख्यमंत्री का सचिव बनाया गया है। उनकी जगह प्रियंक मिश्रा को भोपाल का नया कलेक्टर नियुक्त किया गया है।
प्रदेश में तबादलों को लेकर मुख्यमंत्री और अनुराग जैन के बीच लंबी बैठक हुई। इसके बाद सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने आदेश जारी किए। यह बैठक अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान में आयोजित की गई थी।
इन जिलों को मिले नए कलेक्टर
सागर, धार, रीवा, भोपाल, नर्मदापुरम, सिवनी, शिवपुरी, उमरिया, श्योपुर, मैहर, दमोह, मंडला, झाबुआ और बैतूल।
- कौशलेंद्र विक्रम सिंह-CM सचिव
- प्रियंक मिश्रा- कलेक्टर भोपाल
- प्रतिमा पाल – कलेक्टर सागर
- नरेंद्र सूरवंशी-कलेक्टर रीवा
- सोमेश मिश्रा- कलेक्टर नर्मदापुरम
- अर्पित वर्मा- कलेक्टर शिवपुरी
- राखी सहाय-कलेक्टर उमरिया
- शील दाहिमा – कलेक्टर श्योपुर
- विदिशा मुखर्जी – कलेक्टर मैहर
- प्रताप नारायण यादव – कलेक्टर दमोह
- राहुल नामदेव घोटे -कलेक्टर मंडला
- डॉ. योगेश भरसट- कलेक्टर झाबुआ
- डॉ. सौरभ सोनवणे – कलेक्टर बैतूल
जनगणना से पहले तैयारी
सरकार ने यह फेरबदल 16 अप्रैल से शुरू होने वाली जनगणना प्रक्रिया को ध्यान में रखते हुए किया है। इससे पहले चुनाव आयोग की SIR प्रक्रिया के बाद से ही इन बदलावों की तैयारी चल रही थी।
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MP Weather Alert: 3 साइक्लोनिक सिस्टम एक्टिव, कई जिलों में आंधी-बारिश; दतिया-छतरपुर में ओले गिरने का अलर्ट

MP Weather Alert: मध्य प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट ले चुका है। प्रदेश के ऊपरी हिस्से में तीन साइक्लोनिक सर्कुलेशन एक्टिव होने से आंधी और बारिश का दौर शुरू हो गया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) भोपाल के मुताबिक, बुधवार को दतिया, निवाड़ी, छतरपुर और टीकमगढ़ में ओले गिरने की संभावना है।
18 जिलों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में कई जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इनमें प्रमुख रूप से:
- ग्वालियर, भिंड, मुरैना
- पन्ना, सतना, रीवा
- सीधी, सिंगरौली
- कटनी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर समेत कुल 18 जिले शामिल हैं।
मंगलवार को भी बिगड़ा मौसम
मंगलवार को भी प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम खराब रहा। शिवपुरी, दतिया, धार, पीथमपुर और झाबुआ में तेज बारिश हुई। रतलाम में धूल भरी हवाएं चलीं। ग्वालियर-चंबल और सागर संभाग में कहीं तेज आंधी चली, तो कहीं हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई।
क्या कहता है मौसम विभाग?
मौसम विभाग के अनुसार, इन साइक्लोनिक सिस्टम्स के असर से अगले 1-2 दिन तक प्रदेश में मौसम अस्थिर बना रहेगा। आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की घटनाएं जारी रह सकती हैं।

















