ख़बर यूपी / बिहार
UP Cabinet: योगी कैबिनेट का बड़ा फैसला, गाजियाबाद, प्रयागराज और आगरा में पुलिस कमिश्नरेट सिस्टम को मंजूरी

Lucknow News: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की छवि एक ऐसे नेता की है, जो कानून व्यवस्था में जरा सी भी गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं करता। उत्तरप्रदेश में सीएम योगी के पिछले कार्यकाल और उनकी दूसरी पारी में कानून व्यवस्था की स्थिति में सुधार के लिए कई अहम निर्णय लिए गए हैं। इस क्रम में अब तीन नए कमिश्नरेट सिस्टम को लागू करने पर मंजूरी प्रदान की गई है। योगी सरकार की ओर से गाजियाबाद में नया कमिश्नरेट सिस्टम लागू करने का निर्णय लिया गया है। इसके अलावा प्रयागराज और आगरा में भी कमिश्नरेट सिस्टम लागू होगा। शुक्रवार को सीएम योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में इस प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी गई। योगी कैबिनेट ने शुक्रवार की बैठक में 17 प्रस्तावों को हरी झंडी दी।
यूपी में हो जाएंगे 7 पुलिस कमिश्नरेट
उत्तर प्रदेश में अभी चार पुलिस कमिश्नरेट कार्य कर रहे हैं। इसमें लखनऊ, वाराणसी, गौतमबुद्धनगर और कानपुर शामिल हैं। तीन नए कमिश्नरेट गाजियाबाद, प्रयागराज और आगरा बनने के बाद इसकी संख्या सात हो जाएगी। मेरठ में भी कमिश्नरेट सिस्टम लागू किए जाने की चर्चा चल रही है। हालांकि, अभी इस संबंध में निर्णय नहीं हुआ है।
कमिश्नरेट सिस्टम में क्या बदल जाएगा
कमिश्नरेट सिस्टम लागू होने के बाद तीनों कमिश्नरेट में एडीजी रैंक के पुलिस अधिकारियों की तैनाती की जाएगी। आईजी रैंक के अधिकारी ज्वॉइंट कमिश्नर बन पाएंगे। कानून व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए जिलों को कई जोन में बांटा जाएगा। कमिश्नरेट सिस्टम लागू होने के बाद अफसरों की रैंक में भी बदलाव हो जाएगा। थानों को लेकर सीओ की तैनाती के स्थान पर एसीपी की तैनाती की जाएगी। उनके अधिकार अधिक होंगे। इससे किसी भी केस के अनुसंधान में वे अपने स्तर पर निर्णय ले पाएंगे।
पुलिस पॉवर में होगी बढ़ोतरी
कमिश्नरेट में तैनात होने वाले पुलिस कमिश्नर के अधिकार क्षेत्र में वृद्धि हो जाएगी। लाठी चार्ज से लेकर गोली चलाने तक के अधिकार कमिश्नर के पास आ जाएंगे। अभी तक यह अधिकार एसडीओ के पास है। दंडाधिकारी के आदेश पर ही पुलिस लाठीचार्ज या भीड़ को नियंत्रित करने के लिए गोली चला सकती है। कमिश्नरेट क्षेत्र में अब कमिश्नर के पास मजिस्ट्रेट की शक्तियां होंगी। लॉ एंड ऑर्डर संबंधी अधिकार अब कमिश्नर के पास होंगे।
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Bihar: नालंदा में शीतलाष्टमी मेले में भगदड़, 9 की मौत, 8 महिलाएं शामिल ; 6 से ज्यादा घायल

Nalanda stampede: बिहार के नालंदा जिले में मंगलवार सुबह बड़ा हादसा हो गया। मघड़ा गांव स्थित माता शीतलाष्टमी मंदिर में शीतलाष्टमी मेले के दौरान भगदड़ मचने से 9 लोगों की मौत हो गई, जिनमें 8 महिलाएं शामिल हैं। वहीं 6 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं।
भीड़ के दबाव में मची भगदड़
चैत्र महीने के आखिरी मंगलवार के चलते मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी थी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दर्शन करने की जल्दबाजी में लोग एक-दूसरे से आगे निकलने की कोशिश कर रहे थे, जिससे अचानक भगदड़ मच गई।
मंदिर का छोटा गर्भगृह बना वजह
बताया जा रहा है कि मंदिर का गर्भगृह छोटा होने के कारण भीड़ को नियंत्रित करना मुश्किल हो गया। कई श्रद्धालु लाइन में लगने के बजाय सीधे आगे बढ़ने की कोशिश कर रहे थे, जिससे स्थिति बिगड़ गई।
2 मृतकों की पहचान, घायलों का इलाज जारी
हादसे में मारे गए 9 लोगों में से 2 की पहचान नालंदा निवासी रीता देवी (50) और रेखा देवी (45) के रूप में हुई है। घायलों को इलाज के लिए मॉडल अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
प्रशासन ने मेला बंद कराया, जांच के आदेश
घटना के बाद प्रशासन ने मंदिर और मेले को बंद करा दिया है। बिहार शरीफ से अधिकारियों को मौके पर भेजा गया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने घटना पर दुख जताते हुए मुख्य सचिव को जांच के निर्देश दिए हैं।
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Patna: बिहार में सियासी हलचल तेज, CM आवास पर जुटे कई बड़े नेता, नीतीश खुद छोड़ने निकले

Patna: बिहार की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। राजधानी पटना स्थित 1 अन्ने मार्ग पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सरकारी आवास पर रविवार को अचानक कई बड़े नेताओं का जमावड़ा लग गया। इस बैठक ने सियासी गलियारों में चर्चाओं को हवा दे दी है।
इन नेताओं की हुई मौजूदगी
मुख्यमंत्री आवास पर बिहार सरकार के वरिष्ठ मंत्री अशोक चौधरी और विजय कुमार चौधरी के साथ केंद्रीय मंत्री ललन सिंह और संजय झा पहुंचे। इसके अलावा बिजेंद्र यादव और चर्चित नेता अनंत सिंह भी मुख्यमंत्री से मुलाकात करने पहुंचे।
बैठक के बाद CM का खास अंदाज
बैठक खत्म होने के बाद एक दिलचस्प नजारा देखने को मिला। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार खुद अपनी बुलेटप्रूफ फॉर्च्यूनर में बैठे और विजय चौधरी, ललन सिंह व संजय झा को साथ लेकर उनके आवास तक छोड़ने गए। इसके बाद वे वापस अपने आवास लौट आए।
चर्चाओं का बाजार गर्म
हालांकि इस बैठक में किन मुद्दों पर चर्चा हुई, इसकी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। लेकिन एक साथ इतने वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी और CM का खुद उन्हें छोड़ने जाना सियासी तौर पर अहम संकेत माना जा रहा है।
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UP News: जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन, PM मोदी बोले- वैश्विक संकट में एकजुट रहें

Noida International Airport: उत्तर प्रदेश के जेवर में देश के सबसे बड़े एयरपोर्ट नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का पहला चरण शुरू हो गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार दोपहर इसका उद्घाटन किया। यह एयरपोर्ट अभी देश का सबसे बड़ा और एशिया का दूसरा सबसे बड़ा एयरपोर्ट माना जा रहा है। इसके सभी चार फेज पूरे होने के बाद यह एशिया का सबसे बड़ा एयरपोर्ट बन जाएगा।
वैश्विक संकट पर PM का संदेश
उद्घाटन के बाद जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने इजराइल-अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव का जिक्र किया। उन्होंने देशवासियों से अपील की कि इस वैश्विक संकट का सामना धैर्य और एकजुटता के साथ करें। उन्होंने राजनीतिक दलों को भी नसीहत देते हुए कहा कि संकट के समय ऐसी बयानबाजी से बचना चाहिए, जिससे देश को नुकसान हो।
एयरपोर्ट की खासियतें
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का पहला फेज करीब 3300 एकड़ में विकसित किया गया है। इसमें एक रनवे और आधुनिक टर्मिनल बनाया गया है, जिसकी सालाना क्षमता लगभग 3 करोड़ यात्रियों को संभालने की है। इस फेज के निर्माण पर करीब 11 हजार करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। पूरे प्रोजेक्ट को 52 वर्ग किलोमीटर में विकसित किया जाना है और इसकी पूर्णता की समयसीमा 2040 तय की गई है।
20 मिनट में बोर्डिंग की सुविधा
इस एयरपोर्ट की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यात्रियों को एंट्री से लेकर बोर्डिंग तक 20 मिनट से कम समय लगेगा, जिससे ट्रैवल अनुभव तेज और आसान होगा।
मई से उड़ानें शुरू होने की संभावना
एयरपोर्ट अथॉरिटी के अधिकारियों के मुताबिक, यहां से फ्लाइट संचालन मई 2026 से शुरू हो सकता है।
एशिया में दूसरी सबसे बड़ी सुविधा
फिलहाल एशिया का सबसे बड़ा एयरपोर्ट Beijing Daxing International Airport है, जिसका क्षेत्रफल 47 वर्ग किलोमीटर है। जेवर एयरपोर्ट के सभी फेज पूरे होने के बाद यह उससे भी बड़ा हो जाएगा।
ख़बर उत्तरप्रदेश
UP News: वाराणसी में दिनदहाड़े छात्र की हत्या, यूपी कॉलेज में BSc छात्र को गोली मारी, प्रिंसिपल के सामने फायरिंग का आरोप

Varanasi: उत्तर प्रदेश के वाराणसी में शुक्रवार को शिक्षा परिसर के भीतर खौफनाक वारदात ने सनसनी फैला दी। उदय प्रताप कॉलेज (यूपी कॉलेज) में बीएससी चौथे सेमेस्टर के छात्र सूर्य प्रताप सिंह (23) की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना के बाद कॉलेज परिसर में अफरा-तफरी मच गई और छात्रों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
बताया जा रहा है कि आरोपी मंजीत ने पुरानी रंजिश के चलते छात्र पर ताबड़तोड़ फायरिंग की। गोली लगने से गंभीर रूप से घायल सूर्य प्रताप सिंह को तत्काल बीएचयू ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक छात्र के सिर, सीने और पेट में गोलियां लगी थीं।
घटना के बाद आक्रोशित छात्रों ने कॉलेज गेट बंद कर दिया और जमकर हंगामा किया। छात्रों का आरोप है कि फायरिंग कॉलेज के प्रिंसिपल के सामने हुई, बावजूद इसके सुरक्षा व्यवस्था नाकाफी रही। गुस्साए छात्रों ने परिसर में तोड़फोड़ की और कुर्सी-मेज तोड़ दी।
सूचना मिलते ही भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा और कॉलेज परिसर को छावनी में तब्दील कर दिया गया। पुलिस अधिकारियों ने छात्रों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन छात्र आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी और प्रिंसिपल के इस्तीफे की मांग पर अड़े रहे।
चश्मदीद का बयान: घटना के समय मौजूद एक छात्र ने पुलिस को बताया कि वह क्लास में था तभी बम फटने जैसी आवाज आई। बाहर निकलने पर देखा कि आरोपी सूर्य प्रताप सिंह पर फायरिंग कर रहा था। रोकने की कोशिश करने पर आरोपी ने उस पर भी हथियार तान दिया, जिससे वह डरकर पीछे हट गया। भीड़ जुटने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया।
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UP Police SI Recruitment: UP दरोगा भर्ती परीक्षा शुरू, जूते-बेल्ट उतरवाकर एंट्री, 75 जिलों के 1090 सेंटर पर कड़ी सुरक्षा

UP Police SI Recruitment: उत्तरप्रदेश पुलिस में दरोगा(एसआई) भर्ती परीक्षा शुक्रवार से शुरू हो गई। प्रदेश के सभी 75 जिलों में बनाए गए 1090 परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा के बीच परीक्षा आयोजित की जा रही है। इस भर्ती के जरिए कुल 4543 पदों पर नियुक्ति की जाएगी। परीक्षा केंद्रों में प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों की तीन लेयर में चेकिंग की गई। अभ्यर्थियों को केवल प्रवेश पत्र और पहचान पत्र के साथ ही अंदर जाने की अनुमति दी गई। ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों के मोबाइल फोन भी जमा कराए गए और पूरे परीक्षा केंद्रों की निगरानी CCTV कैमरों से की जा रही है।
जूते-मोजे और ज्वैलरी उतरवाकर एंट्री
वाराणसी समेत कई जिलों में पुरुष अभ्यर्थियों के जूते, मोजे और बेल्ट उतरवाकर ही परीक्षा केंद्र में प्रवेश दिया गया। कुछ जगहों पर कलावा तक काटकर हटाया गया। वहीं महिला अभ्यर्थियों की ज्वैलरी, चूड़ी, बिछिया और कान की बाली उतरवाकर ही उन्हें परीक्षा केंद्र के अंदर जाने दिया गया।
वायरल पेपर को बोर्ड ने बताया फर्जी
इस बीच यूपी पुलिस भर्ती और प्रोन्नति बोर्ड ने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे कथित प्रश्नपत्र को फर्जी बताया है। बोर्ड ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा कि वायरल हो रहे किसी भी पेपर का परीक्षा से कोई संबंध नहीं है। ऐसे फर्जी पेपर फैलाने वाले प्लेटफॉर्म और लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की जाएगी। परीक्षा से पहले पुलिस ने तीन टेलीग्राम चैनलों के खिलाफ भी कार्रवाई की है, जहां 10 से 12 हजार रुपये में पेपर उपलब्ध कराने का दावा किया जा रहा था। लखनऊ के हुसैनगंज थाने में नकल विरोधी कानून समेत कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश की जा रही है।
दो दिन में चार पालियों में परीक्षा
दरोगा भर्ती परीक्षा 14 और 15 मार्च को दो दिनों तक आयोजित की जा रही है। दरोगा भर्ती परीक्षा के लिए 15.75 लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन किया है। इसमें दरोगा भर्ती परीक्षा के लिए कुल 15,75,760 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया है। इनमें 11,66,386 पुरुष और 4,09,374 महिला अभ्यर्थी शामिल हैं।
हर दिन दो पालियों में परीक्षा होगी-
पहली पाली: सुबह 10 से 12 बजे
दूसरी पाली: दोपहर 3 से 5 बजे


















